हर पल | हाँ हर पल खुद से लड़ रही हूं।Hindi Poem motivational

हर पल

हाँ हर पल खुद से लड़ रही हूं।
खुद को अपने भीतर
खोज रही हु
हर तरफ दर्द और तन्हाइयाँ हैं
कुछ जवाब सवालों के
ढूंढ रही हूं
तूफानो से हर पल लड़ रही हूँ
मंज़िल की तरफ
बढ़ रही हु
रास्तो से गुजर रही हूँ ।
अब इतनी  तन्हा हु
कि खुद से
अंजान लग रही हूँ।
हर पल खुद से
लड़ रही हूँ।
फिर भी हौंसला रख रही हूँ।
अपनी पहचान
बनाने को
सपनो संग आगे बढ़ रही हूँ
हाँ हर पल खुद से लड़ रही हूं।
खुद को अपने भीतर
खोज रही हु
neera jain

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *