कलमकार मंच साहित्य यात्रा भोपाल

साहित्यकार  किसी भी समाज और संस्कृति  को सच्चाई के साथ दिखाता है वही सच्चा साहित्यकार है। साहित्य की शुद्धता  बनी रहे और अपनी कलम से समाज मे फैली बुराइयों को दूर कर सके यही उसका प्रयास रहता है।
: इसी क्रम में  कलमकार मंच से जुड़ना जो साहित्य का प्रचार प्रसार राजस्थान में ही नही अपितु पूरे भारत मे कर रहे है और देखते ही देखते उनके साथ कितने लोग जुड़ गए और कई नये कवियों और लेखकों को  कलमकार मंच ने एक मंच प्रदान किया वो बेहद सराहनीय है। क़लमकार मंच के साथ मे पिछले एक वर्ष से जुड़ी हु ओर मुझे  जयपुर से बाहर भी साहित्यिक यात्रा में जाने का ओर काव्यपाठ करने का अवसर मिलता रहता है ।सच मे अपने आप को अपनी भावनाओं को अभिव्यक्त करना ये सच मानो तो मुझे बहुत आत्म विश्वास देता है ।   क़लमकार मंच के  संस्थापक निशांत मिश्रा है ओर  क़लमकार जे सभी सदस्यों को वे एक पारिवारिक माहौल देते है थोडे समय  पहले क़लमकार मंच साहित्य यात्रा  भोपाल में रखी गई थी और जयपुर से बहुत से लेखक और रचनाकार इस साहित्य यात्रा में शामिल हुए थे सबसे  बड़ी बात सभी लीग एक साथ रेल में उस साहित्य यात्रा के लिए एक साथ निकल पडे। जयपुर से  ज्योत्सना सक्सेना , संगीता व्यास ,सुनीता  विश्नोलिया, अनिता मिश्रा जी सी बागरी ,रमेश  शर्मा, सत्येंद्र कुमार जैन ,कहानीकार भागचंद जैन ,अवनींद्र मान, शैलेश सोनी सभी साथ मे थे और ट्रैन में सभी रचनाकारों बे अपनी कविता और ग़ज़लों से समा बांध दिया।
भोपाल पहुचने पर जहाँ हमारा  साहित्यक कार्यक्रम होना था वहाँ पर भोपाल से साहित्य से जुड़े लोगो  ने  अच्छी व्यवस्था सभी के लिए कर रखी थी  । कार्यक्रम स्थल पर सुबह जल्दी  क़लमकार मंच के सभी सदस्य और रचनाकार पहुच गए थे । वहाँ जाकर सभी तैयार हुए ऒर नाश्ता लिया उसके बाद 12 बजे के करीब काव्यपाठ शुरू हुआ
जो देर तक चला ।
 सबसे  बड़ी बात मेरे लिए ये थी कि मुझे उस साहित्य काव्यगोष्ठी में जयपुर के ही नही स्थानीय रचनाकारों को भी सुनने को।मिला ।बेहतरीन रचनाये गज़ले हम सभी को सुनने को मिली 
ओर सभी लोगो से सीखने को।मिला
neera jain