Hindi  Shayri

जब हमें थी फुर्सत आप थे मसरूफ 
आज आप है फुर्सत में,तो हम है मसरूफ  
अजीब है ये तमाशा ए किस्मत 
कभी आप मसरूफ कभी हम मसरूफ